शप्तर्

शप्तर्
शप्तर् /śaptar/ m. тот, кто проклинает




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शुद्ध, सतोमघवन्, प्रतिष्ठा, देशभाषा, विधर्म, मृत्युबन्धु, धरापुत्र, कौरव्य, दिविक्षय, उशी, संहि, वेट्, प्रेष्या, सुरपुर, यद्वत्, शार्ङ्गधनुर्धर, दिङ्मुख, सद्यस्, क्ष्माभृत्, शुचयन्त्, संक्षेपक, वाजसनेय, अध्यापन, विलोमन्, इरावती, राष्ट्र, संमोहन, संशिति, सयुक्त्व, मास्, वशीकृति, राजार्ह, नीरधि, संभल, वचोविद्, परिसाध्य्, अरि, एकदा, समुद्देश, पल्पूलय, स्वस्तिक, अदर्शन, विक्षुभ्, नवविध, स्नेह, विरहिन्, नागर, निर्भेद, आध्माता, प्रवेशक, क्रमिक, उलप, स्त्रीहत्या, प्ररक्षण, श्वानी, पञ्चदशर्च, तत्काल, वास्तुकर्मन्, हिंस्रपशु, परिणीत, भिदा, दोषण्य, कोशाध्यक्ष, नयनविषय, प्रतिनमस्कार, काण्डीर, प्रव्राजन, °संज्ञ, नक्तंचर, हस्तप्राप्त, प्रचल, पलाल, क्ष्मापति, आव्रश्च्, पाद, गिरिक्षित्, लक्ष्मीक, पृक्ष्, हायि, कौटिल्य, धृतधनुस्, अनुकारिन्, सप्तपद, परिवाद, तान्त्र, कादम्बरी, अभिगम, निपतय्, लटभा, सहभू, सेक, शिवा, चर्कृति, साकम्, विषाण, सीताद्रव्या, मकरन्द, प्रभविष्णु, अक्षमालिका, लुञ्च्, न्यून, अर्थिता, नष्टसंज्ञ, रत्न, प्रगुणय, अवध्र, ज्याघोष, वसूया, संधारणा, निरास, सङ्घात, कल्पना, अभिनर्द्, अवयविरूपक, शाक्य, ज्यानि, मोष, नैष्किंचन्य, पुंनपुंसक, चाक्षुष, लालक, समाप्तिक, भैक्षान्न, दन्तमांस, प्रतिकर, प्रव्रज्य, असत्यसंध, माया-योग, शर्कराल, प्रमुच्, करङ्क, सुखस्पर्श, मदिरनयन, रत्नमय, शास्त्रकृत्, अत्यरीअ°, पद्मासन, चम्पका, उद्धृति, वैरस्य, पीन, रिङ्ग्, तिग्मतेजस्, भाष्य, दौहित्र, स्वायंभुव, तत्त्वभूत, पाटलोपल, अनुग्रह, जैत्र, अत्युल्लस्, विनिश्चि, देहभृत्, अरत्नि, निर्भास, नीकार, व्युत्था, ऋतुपर्ण, प्रत्ययनम्, छद्मन्, महाप्रभाव, आम्रेड, संतोष, परीशेष, जान्वस्थि, वित्तमय, स्वामिता, परिचारण, सतोबृहन्त्, पाद्य, लघ्वी, माथक, क्षेपणी, तुरण्य, अधिराज, सुप्तप्रबुद्ध, मौढ्य, इमौ, निगरण, विवाहवेष, उत्कर्ष्, वेदशास्त्र, आप्लवन, विदितभक्ति, श्रेणि, स्थानीय, संस्मरय्, कूलिनी, उद्वाह, परिवन्द्, अश्विनी, प्राण्यङ्ग, धर्तर्, आकाङ्क्ष्, उपधाव्, सप, पारक्य, सोदर्यस्नेह, सकुल्य, वर्षवृद्ध, संपा, दर्पणिक, अन्धस्, पटिष्ठ, अध्वग, दिधक्षा, विधु
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