असत्त्ववचन

असत्त्ववचन
असत्त्ववचन /asattva-vacana/ обозначающий нереальность, невещественность




Случайная выборка слов

स्पृहावन्त्, स्पर्शनीय, रजःशय, अबोध, तिरस्कर, ग्रन्थिल, आदर्, मन्त्रज्ञ, अनिच्छा, धर्ष्, अधरोत्तर, प्रियजीवित, रुशद्°, मरीमृश, भोगनिग्रह, पैशाच, वारविलासिनी, षण्मासिक, प्रमीत, स्रुच्, विवृति, अनुवा, विराध्, गृहमेधिन्, धान्यराज, देवयज्या, गाढ, वर्गस्थ, विहार, विहृति, महित्व, श्यामाक, अनुरु, झंकार, मुख्यशस्, मध्यस्थ, उद्धृति, दुर्मनस्ता, वंशवर्धन, तदोकस्, शुद्धि, जरिमन्, मर्दितर्, लुण्ठक, सप्तवार्षिक, पतंगम, उदग्र, निषेव्, भारवन्त्, विवश, शकृत्, शप्, निम्नगा, सद्विद्या, मुर्च्छ्, विमानय्, आगन्तु, तार्तीय, अक्षण्वन्त्, पेषक, अञ्जस्, पुरुहूत, शोणित, सरणि, याथातथ्यतस्, प्रणष्ट, जानुक, आह्निक, आयुष्काम, तिथि, निरालम्ब, शिखरिन्, उत्सर्प्, महाधन, श्या, उत्सुक, स्वविशय, ओजस्, अगद, विलक्षीभूत, निर्वाह्य, कृष्णत्व, दन्ता°, अमर्ष, पुत्रकाम्या, प्रुष्वा, सोत्सेक, तमोभूत, तनूत्यज्, वाक्यार्थ, सुघोर, दुर्गन्धता, परिपाण्डु, चीरी, तृन्, अभ्यातप्, अतिवर्तिन्, निशान्त, स्वर्गत, उच्छेषण, हितकाम, छिद्रिन्, आदिमूल, अचिरप्रभास्, प्रसन्न, असमाप्त, क्ष्माप, हुतभुज्, स्वर्गस्थ, °प्रमर्दिन्, विपश्चित्, नृवन्त्, चि, धारिन्, तान्, पुरुषाकार, वप, वैवश्य, संगत्ह, स्विद्, षष्टिक, प्रहीण, सजन, मृगेन्द्रता, वैषुवत, नयशास्त्र, लब्धि, निर्भीत, समीहित, विश्राम, अभिसंपादय्, भारसाधन, जयघोषण, पृथुशिरस्, मत्स्यण्डिका, उपोह्, दुर्मद, यु, एकधर्म, धूम्र, दग्ध, परार्थिन्, अवान्तरदेश, अस्वाधीन, सुजीर्ण, त्र्यह, त्वर्, तललोक, दानकाम, शयन, घण्टाराव, अवधर्, उच्छेत्तर्, अरत्नि, वेधस्, तपोवन्त्, दत्त, उत्थ, रागिता, अनध्ययन, तरि, वियुज्, शिरस्त्र, अ°, वित्ति, प्रत्युपकार, सुबुद्धि, सत्यशुष्म, प्रतिभट, वैतालिक, जल्पाक, साहित्य, पाठिन्, °रजस्क, शिशु, लाघव, अष्टापञ्चाशत्, विरुज्, पितर्, परिणीता, तिर्यग्ग, शाशक, दुर्विभाव, अभिसिच्, शुम्भ्, चक्र, दोहद, सप्तच्छद, ताराधिप, तच्छील, तद्, मन्दिर, फेञ्चक, रपस्, सुविदित, प्रेक्षासमाज, सव्रण, शूद्रा, पाणिनीय, अग्रेसर, आकल्, अभ्यधिक, वसुदेय, हास्यत्व, घ्रातर्, शिलामय, समाहर
сборка мебели, литовский словарь




    Яндекс.Метрика
    словарь санскрита 2009-2012 ©LingvoKit